अंबिकापुर। सरगुजा पुलिस को अवैध ऑनलाइन सट्टेबाजी के बड़े नेटवर्क का भंडाफोड़ करने में बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने झारखंड से फरार मास्टरमाइंड सत्यम केशरी (26), निवासी सत्तीपारा वार्ड नं. 26, अंबिकापुर को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक राजेश कुमार अग्रवाल के निर्देश पर साइबर सेल व थाना कोतवाली पुलिस टीम ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए आरोपी को पकड़ा। पूछताछ में आरोपी ने आईपीएल क्रिकेट मैचों पर लाखों-करोड़ों रुपये का अवैध सट्टा खिलाने की बात कबूल की है।
13 मई 2024 को थाना कोतवाली पुलिस को गश्त के दौरान सूचना मिली थी कि कुछ युवक ऑनलाइन लिंक भेजकर आईपीएल मैचों पर सट्टा खिला रहे हैं। पुलिस ने तत्काल रेड कर तीन आरोपियों आयुष सिन्हा उर्फ दीप सिन्हा, अमित मिश्रा उर्फ पहलू और शुभम केशरी को गिरफ्तार किया था।
छापेमारी में आरोपियों से
19 मोबाइल फोन
21 एटीएम कार्ड
3 पासबुक, 2 चेकबुक
₹20,100 नकद
मोबाइल व ऐप्स की जांच में करोड़ों रुपये के लेन-देन के साक्ष्य मिले। आरोपियों पर छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम, भा.द.वि. की धारा 467, 468, 471, 120 (बी) तथा आईटी एक्ट की धारा 66(C), 66(D) के तहत मामला दर्ज किया गया।
जांच में खुलासा हुआ कि आरोपी गिरोह दूसरों के आधार कार्ड का दुरुपयोग कर करीब 60 फर्जी बैंक खाते खुलवाकर सट्टे के लेन-देन में इस्तेमाल कर रहा था। इससे करोड़ों रुपये का ट्रांजेक्शन हुआ।
इस नेटवर्क से जुड़े आरोपी ऋतिक मंदिलवार उर्फ बमफोड़, नितिन यादव, अमित कुमार मिश्रा उर्फ पहलू, ध्रुवील पटेल और मुकेश त्रिपाठी को पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है।
पूरे अभियान में थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक मनीष सिंह परिहार, साइबर सेल प्रभारी एएसआई अजीत मिश्रा, प्रधान आरक्षक भोजराज पासवान, विकास सिन्हा, आरक्षक अनुज जायसवाल, मनीष सिंह, राहुल केरकेट्टा, अमनपुरी, रमेश राजवाड़े और अशोक यादव की अहम भूमिका रही।
