राजनांदगांव: एक मामूली विवाद ने पूरी पंचायत को हिला कर रख दिया। बच्चे को गुलैल से मारने की बात पर गुस्साए आरोपियों ने युवक घनश्याम साहू पर ताबड़तोड़ हमला किया, जिससे उसकी दर्दनाक मौत हो गई। पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया।
झगड़े की शुरुआत
यह दर्दनाक घटना 19 सितंबर की सुबह लगभग 10 बजे लालबाग क्षेत्र के दीवानभेड़ी गांव में हुई। प्रारंभ में यह केवल एक मामूली विवाद था। गांव के बच्चे को गुलैल से मारने की बात पर युवक और कुछ अन्य लोगों के बीच तकरार हुई।
लेकिन यह मामूली झगड़ा देखते-देखते जानलेवा संघर्ष में बदल गया। पंचायत भवन के पास अचानक कुछ लोग युवक घनश्याम साहू पर टूट पड़े। आरोपियों में फूलबाई साहू, फूलसिंग साहू और राहुल यादव शामिल थे।
बेरहमी से हमला
घायल पर आरोपियों ने हाथ-मुक्का, लात-घूंसे और डंडों से ताबड़तोड़ हमला किया। घटना इतनी हिंसक थी कि आसपास खड़े लोग भी देखते रह गए। कुछ ने मदद के लिए पुकारा, लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी।
घायल युवक थोड़ी देर के लिए होश में आया और पुलिस को अंतिम शब्दों में बताया कि यह हमला उसी वजह से हुआ क्योंकि उसके नाती ने बच्चे को गुलैल से मारा था। यह बयान पुलिस के लिए सपाट सबूत बन गया।
अस्पताल में मौत
घटनास्थल से घनश्याम साहू को राजनांदगांव मेडिकल कॉलेज अस्पताल ले जाया गया, लेकिन गंभीर चोटों के कारण डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पुलिस ने शव का पंचनामा कर पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा। रिपोर्ट आने के बाद मृतक का शव परिजनों को सौंप दिया गया।
पुलिस की कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही तुमडीबोड़ पुलिस चौकी की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। मृतक के अंतिम शब्दों और ग्रामीणों की गवाही के आधार पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने बताया कि शुरुआती जांच में यह हत्या एक छोटे विवाद और बच्चों के झगड़े से उपजी हिंसा का नतीजा है। अब आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है और आगे की कानूनी प्रक्रिया चल रही है।
घटना से गांव में सनसनी
इस घटना ने पूरे गांव में भय और सनसनी फैला दी है। सभी लोग यह सोच कर सकते हैं कि कैसे एक मामूली विवाद ने किसी की जान ले ली। गांव में लोग अब तक इस हिंसक घटना की चर्चा कर रहे हैं।
विशेष रूप से यह घटना याद दिलाती है कि छोटे झगड़े भी जब सुलझाए न जाएं, तो वे जानलेवा हो सकते हैं।
पुलिस की चेतावनी
राजनांदगांव पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि किसी भी विवाद को खुद न सुलझाएं, बल्कि पुलिस या पंचायत को सूचित करें। छोटी बातों पर हिंसा का सहारा लेना किसी भी हालत में स्वीकार्य नहीं है।
विशेष चेतावनी: इस घटना से यह स्पष्ट है कि एक मामूली झगड़ा भी आपके और आपके परिवार की जिंदगी को बदल सकता है।
