राजनांदगांव।राजनांदगांव पुलिस विभाग में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब थाना परिसर की बैरक में शराब पार्टी करने का मामला सामने आया। अनुशासन और कानून की जिम्मेदारी संभालने वाले पुलिसकर्मी खुद नियम तोड़ते पकड़े गए, जिसके बाद पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा ने सख्त कार्रवाई करते हुए दो प्रधान आरक्षकों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया।
जानकारी के मुताबिक थाना सोमनी में पदस्थ प्रधान आरक्षक हेमंत अनंत और प्रधान आरक्षक भूपेंद्र कोचे 25 मई 2026 की रात करीब 10 बजे थाना परिसर स्थित बैरक में शराब सेवन करते पाए गए। मामला सामने आते ही पुलिस महकमे में खलबली मच गई।
पुलिस अधीक्षक कार्यालय से जारी आदेश में इसे गंभीर अनुशासनहीनता मानते हुए दोनों पुलिसकर्मियों पर तत्काल कार्रवाई की गई। आदेश के अनुसार दोनों प्रधान आरक्षकों को निलंबित कर रक्षित केंद्र राजनांदगांव संबद्ध कर दिया गया है।
इतना ही नहीं, निलंबन अवधि के दौरान दोनों को बिना अनुमति मुख्यालय छोड़ने पर भी रोक लगा दी गई है। विभागीय अधिकारियों का मानना है कि थाना परिसर और बैरक जैसे संवेदनशील स्थान पर शराब सेवन पुलिस की छवि और अनुशासन दोनों पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
सूत्रों के मुताबिक पुलिस विभाग की ओर से पहले भी थाना परिसरों और पुलिस लाइन में अनुशासन बनाए रखने को लेकर कई बार चेतावनी दी जा चुकी थी। बावजूद इसके बैरक में शराब पार्टी का मामला सामने आने के बाद वरिष्ठ अधिकारियों ने इसे बेहद गंभीरता से लिया।
SP अंकिता शर्मा की इस कार्रवाई को पूरे पुलिस विभाग के लिए सख्त संदेश माना जा रहा है। विभागीय गलियारों में चर्चा है कि अब ड्यूटी और अनुशासन में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
इस कार्रवाई के बाद राजनांदगांव पुलिस महकमे में हलचल तेज हो गई है। कई पुलिसकर्मी अब विभागीय नियमों और अनुशासन को लेकर ज्यादा सतर्क नजर आ रहे हैं।
