महासमुंद में 15 नवंबर से शुरू होगी समर्थन मूल्य पर धान खरीदी

कलेक्टर ने की खरीदी की अंतिम तैयारी की समीक्षा, किसानों को पारदर्शी और समयबद्ध भुगतान सुनिश्चित

महासमुंद। कलेक्टर विनय कुमार लंगेह के मार्गदर्शन में खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 के लिए समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की तैयारी अंतिम चरण में पहुंच गई है। जिले में धान खरीदी कार्य 15 नवंबर से शुरू होगा। इसके पूर्व जिले के सभी 182 उपार्जन केंद्रों में ट्रायल रन किया गया, ताकि खरीदी कार्य सुचारू, पारदर्शी और व्यवस्थित ढंग से हो सके।

तैयारियों का जायजा

कलेक्टर के निर्देशानुसार 74 नोडल अधिकारियों ने अपने-अपने केंद्रों में 29 बिंदुओं की चेकलिस्ट के आधार पर तैयारियों का परीक्षण किया। इस दौरान गोदाम, तोल कांटा, कंप्यूटर प्रणाली, किसान पंजीयन सूची, बारदाना उपलब्धता और सुरक्षा व्यवस्था की बारीकी से जांच की गई। रिपोर्ट तुरंत कंट्रोल यूनिट को भेजी गई।

कलेक्टर के निर्देश

कलेक्टर विनय लंगेह ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि खरीदी कार्य शासन के दिशा-निर्देशों के अनुरूप ही किया जाए। किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी। उन्होंने यह भी कहा कि किसानों को केंद्रों में किसी भी प्रकार की असुविधा न हो, यह सुनिश्चित करना सभी की प्राथमिक जिम्मेदारी है।

इस वर्ष का लक्ष्य

इस वर्ष जिले में 12 लाख 45 हजार मीट्रिक टन धान खरीदी का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, जबकि पिछले वर्ष 11 लाख मीट्रिक टन धान खरीदी गई थी। जिले में कुल 1 लाख 65 हजार 288 किसान पंजीकृत हैं, जो अपने धान का विक्रय समर्थन मूल्य पर कर सकेंगे।

निगरानी और पारदर्शिता

धान खरीदी प्रक्रिया की सतत निगरानी के लिए कंट्रोल कमांड यूनिट स्थापित की गई है। इसके साथ ही जिलेभर में 16 चेक पोस्ट बनाए गए हैं, जहां से धान परिवहन और खरीदी गतिविधियों की वास्तविक समय में निगरानी की जाएगी। प्रशासन किसानों को समय पर और सम्मानपूर्वक भुगतान सुनिश्चित कराने के लिए पूरी तत्परता से तैयार है।

कलेक्टर ने कहा, “किसानों के परिश्रम का मूल्य उन्हें समय पर और सम्मानपूर्वक मिले, यही हमारी प्राथमिकता है।”