बलरामपुर। जिले के राजपुर थाना क्षेत्र में गर्भवती पत्नी को कथित तौर पर तीन तलाक देकर दो मासूम बच्चों सहित घर से निकालने का मामला सामने आया है। पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने पति और ससुराल पक्ष के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार, भटगांव थाना क्षेत्र के ग्राम मलगा निवासी 27 वर्षीय महिला का विवाह 16 मार्च 2017 को बरियो पुलिस चौकी क्षेत्र के ग्राम आरा निवासी इस्तेयाक अंसारी (30) से हुआ था। विवाह के बाद महिला अपने पति, सास-ससुर और जेठ-जेठानी के साथ संयुक्त परिवार में रहती थी।
पीड़िता का आरोप है कि शादी के करीब एक साल बाद से ही दहेज में कम पैसे लाने को लेकर उसे ताने दिए जाने लगे। आरोप है कि पति और परिवार के अन्य सदस्य पिता से पैसे मंगवाने का दबाव बनाते थे और विरोध करने पर गाली-गलौज व मारपीट करते थे।
महिला के दो बच्चे हैं। शिकायत के अनुसार, जब वह तीसरी बार गर्भवती हुई तो पति और ससुराल वालों ने उस पर गर्भपात कराने का दबाव बनाया। महिला ने जब इससे इनकार किया, तो 7 फरवरी को पति ने कथित तौर पर उसके साथ मारपीट की और लगातार तीन बार “तलाक” बोलकर उसे दोनों बच्चों सहित घर से बाहर निकाल दिया।
पीड़िता की शिकायत के आधार पर राजपुर पुलिस ने पति इस्तेयाक अंसारी, सास जैतून निशा और ससुर नेशार अहमद के खिलाफ मुस्लिम महिला (विवाह अधिकार संरक्षण) अधिनियम, 2019 की धारा 4 तथा भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
