गरियाबंद के 50 गांवों में अंधेरा! 14 घंटे तक ग्रामीणों ने हाईवे पर किया चक्का जाम, प्रशासन हुआ परेशान

गरियाबंद:
छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले के गौरगांव क्षेत्र में ग्रामीणों ने बिजली न मिलने के विरोध में नेशनल हाईवे 130C पर 14 घंटे तक चक्का जाम कर दिया। यह हाईवे उड़ीसा और देवभोग क्षेत्रों को गरियाबंद से जोड़ता है।

ग्रामीणों का 14 घंटे का संघर्ष

जानकारी के अनुसार, लगभग 8 पंचायतों के 50 गांवों में लोग बिजली के बिना जीवन यापन करने को मजबूर हैं। लंबे समय तक शिकायतों के बावजूद कोई ठोस कदम न उठाए जाने से नाराज़ ग्रामीणों ने सुबह 8 बजे से हाईवे जाम करना शुरू किया और रात 9 बजे तक इसे जारी रखा। इस दौरान 1000 से अधिक ग्रामीण सड़क पर बैठे रहे।

प्रशासन ने पहले एसडीएम और फिर अपर कलेक्टर को समझाने के लिए भेजा, लेकिन ग्रामीण सिर्फ बिजली लगाने की तारीख पूछते रहे। अंततः प्रशासन ने लिखित आश्वासन देने के बाद ही ग्रामीणों ने चक्का जाम समाप्त किया।

पूरी तैयारी के साथ विरोध

चक्का जाम के दौरान ग्रामीण सैकड़ों ट्रैक्टरों में अपने लिए 7 दिन का राशन लेकर आए थे और सड़क किनारे बड़े-बड़े चूल्हों में खाना भी बनाया गया। ग्रामीणों का कहना है कि यह क्षेत्र टाइगर प्रोजेक्ट एरिया में आता है, लेकिन अगर उनके ऊपर से तार गुजरकर देवभोग को बिजली पहुंच सकती है, तो उनके गांवों को बिजली क्यों नहीं दी जा रही

IBC24 ने इस इलाके में जाकर 2 घंटे की विशेष कवरेज किया और ग्रामीणों की मांग और समस्याओं को व्यापक रूप से उजागर किया।

छत्तीसगढ़ के ग्रामीणों के हक के लिए यह विरोध दर्शाता है कि जब तक अधिकार नहीं मिलेगा, लोग शांति से नहीं बैठेंगे।