नई दिल्ली: ऑस्ट्रेलिया के सिडनी में समुद्र तट पर हुए आतंकी हमले के बाद भारत में सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गई हैं। यह हमला लाहौर के रहने वाले पिता-पुत्र ने हनुक्का उत्सव के दौरान अंधाधुंध फायरिंग कर किया था, जिसमें 12 से अधिक लोगों की मौत हुई। इस घटना के बाद देशभर में यहूदी और इजरायली नागरिकों की सुरक्षा को लेकर उच्चस्तरीय अलर्ट जारी किया गया है।
पीएम मोदी ने जताई एकजुटता
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सिडनी आतंकी हमले की कड़ी निंदा की और ऑस्ट्रेलिया के साथ एकजुटता व्यक्त की। सुरक्षा एजेंसियों को आशंका है कि आतंकी संगठन भारत में यहूदी और इजरायली नागरिकों को निशाना बना सकते हैं।
राष्ट्रीय राजधानी और प्रमुख शहरों में बढ़ी सुरक्षा
-
दिल्ली, मुंबई और बेंगलुरु में अतिरिक्त सुरक्षा बढ़ा दी गई है।
-
जम्मू-कश्मीर, लखनऊ और एनसीआर क्षेत्र में भी अलर्ट जारी है।
-
यहूदी धर्मस्थलों, इजरायली दूतावासों और वाणिज्य दूतावासों में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है।
-
भारत में रह रहे इजरायली नागरिक और उनके बच्चे संभावित निशाने पर माने जा रहे हैं।
भारत में यहूदी समुदाय की सुरक्षा
भारत में लगभग 4,000 यहूदी नागरिक रहते हैं, जिनमें देशी और विदेशी नागरिक शामिल हैं। मुंबई यहूदी समुदाय का प्रमुख केंद्र है, जहां सिनेगॉग, यहूदी स्कूल और कोषेर भोजन की सुविधाएं मौजूद हैं। सुरक्षा एजेंसियां स्थिति पर लगातार नजर रख रही हैं और किसी भी संदिग्ध गतिविधि से निपटने के लिए पूरी तैयारी कर रही हैं।
