सूरजपुर: कलेक्टर एस. जयवर्धन के निर्देश पर राजस्व और खाद्य विभाग की संयुक्त टीम ने तहसील रामानुजनगर के ग्राम कैलाशपुर में अवैध धान भंडारण का भंडाफोड़ किया। जांच के दौरान किराना व्यापारी कन्हैया लाल साहू के गोदाम से 960 बोरा खरीफ धान और 17 बोरा पीडीएस चावल जब्त किए गए।
अधिकारियों ने बताया कि इतनी बड़ी मात्रा में धान और चावल भंडारित होना मंडी अधिनियम का उल्लंघन है। व्यापारी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा रही है। अवैध भंडारण से खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 की धान खरीदी प्रक्रिया प्रभावित हो सकती थी।
धान खरीदी के लिए संविदा कर्मचारियों का अवकाश रोका गया
राज्य सरकार ने धान खरीदी को निर्बाध रूप से संचालित करने के लिए संविदा कर्मचारियों को 15 नवंबर 2025 से 31 जनवरी 2026 तक अवकाश पर रोक लगा दी है। गृह विभाग के आदेश के अनुसार, इस अवधि में किसी भी कर्मचारी को कार्य से इंकार करने की अनुमति नहीं होगी। यह आदेश छत्तीसगढ़ आवश्यक सेवा संधारण एवं विच्छिन्नता निवारण अधिनियम, 1979 की धारा 4(1) के तहत जारी किया गया है।
बीजापुर जिला प्रशासन ने भी खरीदी केंद्रों में कर्मचारियों की पूरी तैनाती सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं ताकि किसानों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो। अधिकारियों ने बताया कि अवकाश पर रोक और कर्मचारियों की पूरी उपलब्धता किसानों के हित और राज्य की धान वितरण प्रणाली की सुरक्षा के लिए अत्यंत आवश्यक है।
इस कार्रवाई और आदेश के माध्यम से यह स्पष्ट संदेश गया है कि छत्तीसगढ़ सरकार किसानों के हित में कार्रवाई कर रही है, अवैध धान भंडारण और खरीदी प्रक्रिया में किसी भी अनियमितता को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
