नवा रायपुर मंत्रालय में 1 दिसंबर से लागू होगा बायोमेट्रिक अटेंडेंस सिस्टम — सभी अधिकारी-कर्मचारियों को आधार से जोड़ना अनिवार्य!
जीएडी ने 7 नवंबर तक तकनीकी प्रक्रिया पूरी करने दिए निर्देश, आईएएस से लेकर चतुर्थ श्रेणी तक सबकी हाजिरी अब होगी डिजिटल
रायपुर। छत्तीसगढ़ शासन के मंत्रालय में अब उपस्थिति दर्ज करने का तरीका पूरी तरह डिजिटल होने जा रहा है। नवा रायपुर स्थित मंत्रालय में 1 दिसंबर 2025 से बायोमेट्रिक अटेंडेंस सिस्टम लागू किया जाएगा। इस सिस्टम को आधार कार्ड आधारित उपस्थिति प्रणाली (Aadhaar Based Attendance System) के रूप में तैयार किया जा रहा है।
सूत्रों के अनुसार, यह व्यवस्था आईएएस अधिकारियों से लेकर चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों तक सभी पर लागू होगी। अब प्रत्येक कर्मचारी की उपस्थिति फिंगरप्रिंट या फेस रिकग्निशन के माध्यम से दर्ज की जाएगी।
सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) ने सभी विभागों को निर्देश जारी करते हुए कहा है कि संबंधित आईडी कार्ड लिंकिंग और तकनीकी प्रक्रिया को 7 नवंबर तक पूर्ण करें। विभागों को यह भी कहा गया है कि बायोमेट्रिक मशीनों की इंस्टॉलेशन और नेटवर्क इंटीग्रेशन का काम समय पर पूरा किया जाए, ताकि 1 दिसंबर से सिस्टम सुचारू रूप से काम कर सके।
इस पहल का उद्देश्य सरकारी कर्मचारियों की समयपालन, पारदर्शिता और उपस्थिति निगरानी में सुधार लाना है। बायोमेट्रिक सिस्टम के लागू होने से अब मैनुअल हाजिरी रजिस्टर की व्यवस्था समाप्त हो जाएगी और सभी रिकॉर्ड ऑनलाइन रियल टाइम पोर्टल पर दर्ज होंगे।
सूत्रों का कहना है कि प्रारंभिक चरण में यह सिस्टम मंत्रालय परिसर में लागू होगा और बाद में इसे सभी शासकीय विभागों और कार्यालयों में विस्तारित किया जाएगा।
