देवभूमि पर क़हर! चमोली में बादल फटने से तबाही, आधा दर्जन घर मलबे में दबे…7 लोग रहस्यमयी ढंग से लापता

देवभूमि पर क़हर! चमोली में बादल फटने से तबाही, आधा दर्जन घर मलबे में दबे…7 लोग रहस्यमयी ढंग से लापता

देहरादून के बाद अब चमोली में प्रकृति का कहर, नंदानगर घाट में नदी उफान पर; रातभर की बारिश ने मचाई दहशत, राहत टीमों की सांसें अटकीं।

चमोली (उत्तराखंड):देवभूमि उत्तराखंड में एक बार फिर प्रकृति का प्रकोप टूट पड़ा। गुरुवार सुबह चमोली ज़िले के नंदानगर घाट इलाके में बादल फटने से चारों ओर हाहाकार मच गया। देखते ही देखते तेज़ बारिश और भूस्खलन का मलबा कई घरों को अपनी चपेट में ले गया।

ज़िला आपदा प्रबंधन केंद्र के अनुसार कुंत्री लंगाफली वार्ड में आधा दर्जन घर पूरी तरह से मलबे में दब गए। उस समय घरों के अंदर सात लोग मौजूद थे। राहत दल की मदद से दो लोगों को जीवित बाहर निकाला गया, लेकिन पाँच लोग अब तक लापता हैं।

ज़िला मजिस्ट्रेट संदीप तिवारी ने बताया कि SDRF और NDRF की टीमें मौके पर राहत और बचाव कार्य में जुटी हैं। जेसीबी मशीनों की मदद से रास्ते खोले जा रहे हैं, ताकि प्रभावित इलाकों तक तुरंत पहुँचा जा सके।

स्थानीय लोगों का कहना है कि भयंकर गर्जन के साथ अचानक आई बारिश ने पूरे क्षेत्र को दहला दिया। सोशल मीडिया पर सामने आई तस्वीरों में अलकनंदा नदी उफान पर दिख रही है और कई इमारतें व दुकानें तबाह हो चुकी हैं।

उत्तराखंड में इस साल मानसून ने सबसे ज़्यादा कहर चमोली जिले पर ढाया है। लगातार हो रहे बादल फटने और अचानक आई बाढ़ से हालात बिगड़ते जा रहे हैं। प्रशासन ने राहत केंद्रों की पहचान कर ली है और प्रभावित परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाया जा रहा है।