मासूम बना था अवैध रिश्ते की राह का कांटा! 4 साल के बच्चे का गला घोंटकर उतारा मौत के घाट, एक साल बाद खुला खौफनाक राज

रायपुर। राजधानी रायपुर में 4 वर्षीय मासूम की मौत के मामले में एक ऐसा खुलासा हुआ है जिसने हर किसी को झकझोर कर रख दिया है। जिस बच्चे की मौत को पहले संदिग्ध माना जा रहा था, उसकी हत्या के पीछे अवैध संबंधों का खौफनाक सच सामने आया है। पुलिस ने लगभग एक साल से फरार चल रहे आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।

मामला थाना आमानाका क्षेत्र का है। 1 नवंबर 2025 को 4 वर्षीय मयंक मिश्रा की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत होने की सूचना पुलिस को मिली थी। अचेत अवस्था में बच्चे को अस्पताल ले जाया गया था, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया था। प्रारंभिक जांच के बाद पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की विवेचना शुरू की थी।

जांच की दिशा उस समय बदल गई जब पोस्टमार्टम रिपोर्ट सामने आई। डॉक्टरों ने स्पष्ट किया कि मासूम की मौत प्राकृतिक नहीं बल्कि गला दबाकर की गई हत्या थी। इसके बाद पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर गहन जांच शुरू की।

विवेचना के दौरान पुलिस को पता चला कि मृतक की मां और जयदीप सिंह के बीच अवैध संबंध थे। आरोपी का घर में नियमित आना-जाना था। जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी 4 वर्षीय मयंक को अपने संबंधों में सबसे बड़ी बाधा मानता था। इसी वजह से उसने मासूम को रास्ते से हटाने की साजिश रची और उसकी गला दबाकर हत्या कर दी।

घटना को अंजाम देने के बाद आरोपी फरार हो गया था। उसकी तलाश के लिए पुलिस लगातार तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर तंत्र की मदद से काम कर रही थी। डीसीपी पश्चिम संदीप पटेल, अतिरिक्त डीसीपी राहुल देव शर्मा, एसीपी पुरानी बस्ती देवांश सिंह राठौर तथा थाना प्रभारी आमानाका सुधांशु बघेल के नेतृत्व में गठित टीम आरोपी की तलाश में जुटी हुई थी।

आखिरकार 10 जून 2026 को पुलिस ने आरोपी जयदीप सिंह (27 वर्ष), निवासी टाटीबंध, रायपुर को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद पुलिस ने उसे न्यायालय में पेश किया, जहां से न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार मामले की विवेचना अभी भी जारी है और घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है। इस खुलासे ने एक बार फिर साबित कर दिया कि निजी स्वार्थ और अवैध संबंधों की अंधी चाहत ने एक मासूम की जिंदगी छीन ली।