छत्तीसगढ़-ओडिशा बॉर्डर पर बड़ा खुलासा: नक्सल डंप से बरामद IED और हथियार, जवानों ने बड़ी साजिश नाकाम की

गरियाबंद: छत्तीसगढ़-ओडिशा बॉर्डर पर जवानों ने नक्सलियों की नापाक साजिश को नाकाम कर दिया। गरियाबंद जिले के दडईपानी पहाड़ी क्षेत्र में सीआरपीएफ, ई-30, एसटीएफ, 207 कोबरा और 16 बटा. सीएएफ की संयुक्त टीम ने नक्सल डंप का खुलासा किया, जिसमें IED बनाने की सामग्री, भरमार बंदूक और विस्फोटक सामग्रियां बरामद हुईं।

कैसे मिला डंप:
थाना मैनपुर अंतर्गत पहाड़ी क्षेत्रों में माओवादी गतिविधियों की सूचना पर जवानों ने 19 दिसंबर को विशेष अभियान चलाया। इस दौरान पता चला कि DGN डिवीजन के नक्सली पुलिस पार्टी को नुकसान पहुंचाने और मोर्टार से हमला करने की योजना बना रहे थे।

जांच में सामने आया कि नक्सलियों ने चट्टानों के अंदर प्लास्टिक ड्रम और स्टील डिब्बों में सामग्री छुपाई थी। बरामद सामग्रियों में शामिल हैं:

  • 1 भरमार बंदूक

  • नग कंपनी निर्मित मोर्टार

  • 22 नग मोर्टार सेल

  • 150 नग डेटोनेटर

  • 18 नग तीर बम

  • अन्य विस्फोटक सामग्री

जवानों की सफलता:
जवानों की सतर्कता और संयुक्त अभियान के कारण नक्सलियों की इस खतरनाक योजना पर पानी फेर दिया गया। इस कार्रवाई से न केवल पुलिस और स्थानीय लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित हुई, बल्कि नक्सलियों का हथियार और विस्फोटक नेटवर्क भी कमजोर हुआ।

सुरक्षा बलों की चेतावनी:
जवानों ने बताया कि ऐसे छिपे हुए नक्सल डंप अभी भी कुछ क्षेत्रों में मौजूद हो सकते हैं, इसलिए स्थानीय लोगों से सतर्क रहने और संदिग्ध गतिविधियों की सूचना देने की अपील की गई है।