स्कूल में ज़हर बन गया मध्याह्न भोजन? खाना खाते ही तड़प उठे 25 बच्चे, मचा हड़कंप
जांजगीर के सरकारी स्कूल में मिड-डे मील के बाद बच्चों की तबीयत बिगड़ी, महिला स्व-सहायता समूह से छीनी गई जिम्मेदारी
जांजगीर।
नवागढ़ क्षेत्र स्थित शासकीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय चौराभाठा में उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब मध्याह्न भोजन करने के कुछ देर बाद ही 25 बच्चे अचानक बीमार पड़ गए। बच्चों ने पेट दर्द और गले में तेज़ खराश की शिकायत की, जिसके बाद स्कूल में हड़कंप मच गया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए कलेक्टर जन्मेजय महोबे के निर्देश पर जिला प्रशासन ने तत्काल कार्रवाई की। बच्चों की तबीयत बिगड़ने की सूचना मिलते ही प्रशासनिक और स्वास्थ्य अमला मौके पर पहुंचा।
🔍 भोजन की गुणवत्ता पर सवाल, जांच शुरू
कलेक्टर के आदेश पर खाद्य निरीक्षक ने विद्यालय और मध्याह्न भोजन तैयार करने वाले स्थल का निरीक्षण किया। साथ ही, भोजन सामग्री के नमूने जांच के लिए भेजे गए हैं, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि बच्चों की तबीयत आखिर क्यों बिगड़ी।
⚠️ बड़ा फैसला: महिला स्व-सहायता समूह हटाया गया
घटना को गंभीर लापरवाही मानते हुए एसडीएम जांजगीर ने आदेश जारी कर राहुल महिला स्व-सहायता समूह, चौराभाठा को मध्याह्न भोजन संचालन की जिम्मेदारी से हटा दिया है।
इतना ही नहीं, स्कूल के प्रधान पाठक को भी कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।
🛑 प्रशासन सख्त, नहीं होगी कोई ढिलाई
कलेक्टर जन्मेजय महोबे ने साफ शब्दों में कहा है कि बच्चों के स्वास्थ्य और सुरक्षा से किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने निर्देश दिए हैं कि मध्याह्न भोजन योजना के तहत गुणवत्ता और स्वच्छता मानकों का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाए।
