बंगाल की खाड़ी में उठा खतरनाक बवंडर! अगले 120 घंटों तक तबाही वाली बारिश का अलर्ट, IMD ने बजाया खतरे का सायरन

नई दिल्ली।
देश में मौसम एक बार फिर खतरनाक मोड़ लेता नजर आ रहा है। जहां उत्तर भारत में लोग प्रचंड ठंड, कोहरे और शीतलहर से जूझ रहे हैं, वहीं अब बंगाल की खाड़ी में बने साइक्लोनिक सर्कुलेशन ने चिंता बढ़ा दी है।
भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि अगले 5 दिन यानी पूरे 120 घंटे तक भारी से मूसलाधार बारिश हो सकती है, जिससे कई इलाकों में हालात बिगड़ने की आशंका है।

IMD का अलर्ट: 9 जनवरी तक भारी बारिश

मौसम विभाग के मुताबिक, दक्षिण बंगाल की खाड़ी में सक्रिय चक्रवाती सिस्टम के कारण यह स्थिति बनी है।
IMD ने बताया कि इस सिस्टम का असर तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में ज्यादा देखने को मिल सकता है, जहां रुक-रुक कर तेज बारिश होने की संभावना है।

 तापमान भी गिरेगा, बढ़ेगी ठंड

मौसम विभाग ने यह भी चेतावनी दी है कि
👉 7 जनवरी तक न्यूनतम तापमान 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक गिर सकता है।
इससे रातें और ज्यादा ठंडी होंगी, जिससे लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है।

 बीते 24 घंटे में कहां कितनी बारिश?

IMD के आंकड़ों के अनुसार—

  • तमिलनाडु और कराईकल के कुछ इलाकों में हल्की बारिश दर्ज की गई

  • तिरुनेलवेली जिले के नालुमुक्कू में 5 सेमी बारिश, जो राज्य में सबसे अधिक रही

अब चक्रवाती सर्कुलेशन के मजबूत होने से बारिश का दायरा और तीव्रता दोनों बढ़ सकती हैं

 क्या है इस तबाही की असली वजह?

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार—

  • दक्षिण केरल तट के पास दक्षिण-पूर्वी अरब सागर में निचले स्तर का ट्रफ

  • दक्षिण-पूर्वी बंगाल की खाड़ी में ऊपरी हवा में सक्रिय साइक्लोनिक सर्कुलेशन

👉 इन दोनों सिस्टम की वजह से आने वाले दिनों में बारिश और ठंड का डबल अटैक देखने को मिल सकता है।

 पहले ही हो चुका है भारी नुकसान

मौसम विभाग ने याद दिलाया कि इससे पहले—

  • शहरी इलाकों में जलभराव

  • निचले क्षेत्रों में बाढ़ जैसे हालात

  • डेल्टा और दक्षिणी जिलों में फसलों को भारी नुकसान

देखने को मिला था।
चेन्नई, तिरुनेलवेली और थूथुकुडी जैसे शहरों में तेज बारिश के दौरान

  • ट्रैफिक जाम

  • ड्रेनेज ओवरफ्लो

जैसी समस्याएं सामने आई थीं।


🚤 मछुआरों के लिए सख्त चेतावनी

IMD ने मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह दी है। मौसम की तेजी से बदलती स्थिति के कारण समुद्र अचानक उग्र हो सकता है, जो जानलेवा साबित हो सकता है।