तीन आरोपियों को 10-10 साल कारावास और 1-1 लाख रुपए अर्थदंड, न देने पर 2 साल अतिरिक्त सजा
रायपुर। लंबे समय से अवैध मादक पदार्थ गांजा की तस्करी में लिप्त तीन आरोपियों को रायपुर के विशेष न्यायाधीश ने 10-10 साल कठोर कारावास और एक-एक लाख रुपए अर्थदंड की सजा सुनाई है। अदालत ने स्पष्ट किया कि यदि अर्थदंड का भुगतान नहीं किया गया, तो प्रत्येक आरोपी को 2-2 साल अतिरिक्त कठोर सजा भुगतनी होगी।
मामला रावांभाठा स्थित बंजारी नगर का है। जानकारी के अनुसार, विशेष लोक अभियोजक केके चंद्राकर ने कोर्ट को बताया कि अभियुक्त अमन निजाम, शैलू तिवारी और प्रहलाद साहू लंबे समय से गांजा की तस्करी में सक्रिय थे। खमतराई थाना पुलिस ने सूचना के आधार पर तीनों को 10 दिसंबर 2020 को गांजा बेचते हुए गिरफ्तार किया था।
पुलिस ने बरामद किया:
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अमन निजाम के पास 9.743 किलोग्राम
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शैलू तिवारी के पास 5.4 किलोग्राम
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प्रहलाद साहू के पास 4.888 किलोग्राम अवैध गांजा
अभियोजक ने कोर्ट से अनुरोध किया कि अभियुक्तों को अधिकतम दंड दिया जाए, क्योंकि यह गंभीर अपराध है। सभी पक्षों की दलीलों और प्रस्तुत साक्ष्यों का अध्ययन करने के बाद अदालत ने उन्हें 10-10 साल का कठोर कारावास और 1-1 लाख रुपए अर्थदंड सुनाया।
इस फैसले के बाद रायपुर में नशीले पदार्थों की तस्करी पर कड़ा संदेश भेजा गया है, कि कानून व्यवस्था को बनाए रखने के लिए अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
