अपने ही लगाए IED विस्फोट में महिला नक्सली गंभीर रूप से घायल, साथी हथियार लेकर फरार

अपने ही लगाए IED विस्फोट में महिला नक्सली गंभीर रूप से घायल, साथी हथियार लेकर फरार

बीजापुर में माओवादियों की अंदरूनी अव्यवस्था का खुलासा, घायल महिला जिला अस्पताल में भर्ती

बीजापुर। छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले के बंदेपारा जंगल में एक चौंकाने वाली घटना हुई, जिसमें माओवादियों द्वारा लगाए गए IED विस्फोट में एक महिला नक्सली गंभीर रूप से घायल हो गई। विस्फोट के समय उसके साथी नक्सली उसका हथियार लेकर मौके से फरार हो गए और घायल महिला को जंगल में छोड़ गए।

घटना का विवरण:
सूत्रों के अनुसार यह घटना सुबह हुई, जब नक्सलियों का एक समूह सुरक्षा बलों को निशाना बनाने की योजना के तहत IED लगा रहा था। विस्फोट के दौरान तकनीकी गलती की वजह से महिला नक्सली गुज्जा सोढ़ी विस्फोट में फंस गई। वह पिछले 6–7 वर्षों से मद्देड़ एरिया कमेटी में सक्रिय थी और उसके पास 12 बोर की बंदूक थी।

पुलिस और स्थानीय प्रतिक्रिया:
घटना की सूचना सबसे पहले ग्रामीणों ने पुलिस को दी। मद्देड़ थाना प्रभारी के नेतृत्व में पुलिस टीम तुरंत जंगल पहुंची और गुज्जा सोढ़ी को प्राथमिक उपचार के बाद जिला अस्पताल बीजापुर में भर्ती कराया गया। पुलिस ने बताया कि उसकी स्थिति अब स्थिर है, और आवश्यक होने पर उसे रायपुर रेफर किया जा सकता है।

पुलिस का बयान और नक्सलियों की कमजोर स्थिति:
बीजापुर एसपी ने इस घटना को माओवादी संगठन की आंतरिक अव्यवस्था और मनोबल में गिरावट का संकेत बताया। उन्होंने कहा कि नक्सलियों के लिए अपने साथी expendable हैं और घायल या फंसे हुए सदस्य को छोड़कर भाग जाते हैं। अधिकारियों का कहना है कि यह विस्फोट संभवतः वायरिंग या डेटोनेटर में तकनीकी गलती के कारण हुआ, और नक्सली सुरक्षा प्रोटोकॉल की अनदेखी कर रहे थे।

सुरक्षा बलों की कार्रवाई:
घटना के बाद पुलिस और सीआरपीएफ की संयुक्त टीम ने पूरे इलाके में सर्च ऑपरेशन तेज कर दिया है। माना जा रहा है कि यह वही समूह था जो बीजापुर, दंतेवाड़ा और सुकमा जिलों की सीमा पर सुरक्षा बलों पर हमले की योजना बना रहा था।