सुकमा। सुकमा जिले में प्रशासन ने अनुशासनहीनता और अनियमितताओं के आरोपों को लेकर जनपद पंचायत के एक सहायक ग्रेड-2 कर्मचारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। इस कार्रवाई के बाद विभाग में हड़कंप मच गया है।
जानकारी के अनुसार, संबंधित कर्मचारी के खिलाफ शिकायतें जिला पंचायत की सामान्य सभा के दौरान जनप्रतिनिधियों द्वारा उठाई गई थीं। आरोप है कि स्थानांतरण आदेश जारी होने के बावजूद कर्मचारी ने नए पदस्थापना स्थल पर नियमित रूप से कार्यभार ग्रहण नहीं किया और पुराने कार्यालय से ही कामकाज करता रहा।
प्राथमिक जांच में वित्तीय लेन-देन और चेक जारी करने से जुड़ी अनियमितताओं के आरोप भी सामने आए हैं। बताया गया है कि कई बार चेतावनी दिए जाने के बावजूद कर्मचारी की कार्यशैली में कोई सुधार नहीं हुआ, जिसे सेवा नियमों का उल्लंघन माना गया।
प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए कर्मचारी को निलंबित कर विभागीय जांच भी शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि जिले में सुशासन और पारदर्शिता बनाए रखने के लिए ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति पर काम किया जा रहा है और नियमों की अनदेखी किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
इस कार्रवाई को सरकारी व्यवस्था में जवाबदेही और पारदर्शिता सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
